झारखंड के देवघर में आयोजित होने वाला प्रसिद्ध श्रावणी मेला इस बार पूरी तरह आम श्रद्धालुओं के हित में आयोजित किया जाएगा। देवघर प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस वर्ष किसी भी वीआईपी, वीवीआईपी या आउट ऑफ टर्न दर्शन की अनुमति नहीं दी जाएगी।
जानकारों के अनुसार, वर्ष 2015 से ही ऐसी व्यवस्था लागू है, लेकिन इस बार इसे और अधिक सख्ती से लागू करने का निर्णय लिया गया है। प्रशासन का मानना है कि इससे श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को प्राथमिकता मिल सकेगी।
यह फैसला प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा और समानता की दृष्टि से यह एक अहम कदम माना जा रहा है। देवघर डीसी और एसपी ने संयुक्त रूप से दिशा-निर्देश जारी करते हुए सभी विभागों को इस नियम के पालन के लिए तैयार रहने को कहा है।
